Wedding Insurance शादी का इंश्योरेंस क्यों है ज़रूरी ? : किसी के लिए भी शादी उसकी जिंदगी के सबसे खूबसूरत पलों में एक होती है. लोग अपनी क्षमता के हिसाब से अपनी या अपनों की शादी को यादगार बनाने की कोशिश करते हैं. शादी यादगार होने के साथ-साथ खर्चीली भी होती है. ऐसे मौकों पर हादसे या अनहोनी की आशंका भी बनी रहती है. ऐसे में कुछ इंश्योरेंस कंपनियां वेडिंग इंश्योरेंस की सुविधा भी देती हैं. वेडिंग इंश्योरेंस में व्यक्तिगत दुर्घटना, कार्यक्रम रद्द होना या उसमें रुकावट आना, समारोह वाली जगह पर किसी तरह का नुकसान होने जैसी चीजें शामिल होती हैं।
यह एक खास तरह का इंश्योरेंस होता है, जो शादी से जुड़े वित्तीय नुकसान की भरपाई करता है. शादियां अक्सर बहुत महंगी होती हैं. कई बार शादी के फंक्शन के दौरान अनहोनी या हादसा हो सकता है, जिससे शादी कैंसिल करनी पड़ सकती है या तोड़नी पड़ती है. ऐसे केस में शादी के लिए वेन्यू के डेकोरेशन, लाइटिंग, म्यूजिक, केटरिंग, मेहमानों के रहने के इंतजाम और ट्रांसपोर्ट पर हुआ खर्च बर्बाद हो जाता है. इस आर्थिक नुकसान की भरपाई वेडिंग इंश्योरेंस से की जा सकती है.Bajaj Allianz General Insurance, Future Generali, HDFC Ergo, और ICICI Lombard वेडिंग इंश्योरेंस की पॉलिसी करती हैं।
अगर किसी वजह (जैसे-प्राकृतिक आपदा, बीमारी, परिवार में किसी की मौत) से शादी कैंसिल हो जाती है या टालनी पड़ जाती है,तो इंश्योरेंस कवर मिलता है. शादी में कई बार केटर्स या फिर टेंट हाउस वाले आखिरी मौके पर मना कर देते हैं. दूसरी पार्टी ज्यादा चार्ज करती है, तो इस केस में भी इंश्योरेंस कवर मिलता है. शादी वाले दिन अगर दूल्हा या दुल्हन को चोट लग जाए या कोई बड़ा हादसा हो जाए,तो भी कवर ले सकते हैं.वेडिंग के लिए वेन्यू में कोई हादसा हो जाए. या बैंकेट हॉल बुकिंग कैंसिल कर दे. तब भी इंश्योरेंस कवर ले सकते हैं. शादी में कोई ज्वेलरी को नुकसान या फिर खो जाती है, तो उससे होने वाले डैमेज की भरपाई होती है.अगर फोटोग्राफर या वीडियोग्राफर सर्विस देने से मना कर दें, तो उससे होने वाले नुकसान को कवर किया जाता है।
शादी के लिए इंश्योरेंस की रकम आपकी कुल शादी के बजट के 1 से 1.5% के बीच होनी चाहिए. उदाहरण के लिए, अगर आपकी शादी का बजट 20 लाख रुपये है, तो आपको 20,000 से 30,000 रुपये तक का इंश्योरेंस कवर लेना चाहिए. प्रीमियम आपके इंश्योर्ड रकम से सिर्फ 0.7% से लेकर 2% तक ही लगता है.वेडिंग इंश्योरेंस में भी सभी तथ्यों का खुलासा करना जरूरी होता है.मसल शादी में कौन-कौन शामिल होंगे? कितने लोग आएंगे? वेडिंग कार्ड की कॉपी? शादी की जगह इनडोर है या आउटडोर? शादी का समय? वगैरह…यह सब बताना जरूरी होता है. अगर शादी की जगह बदलती है तो उसकी सूचना भी देनी पड़ेगी. बीमा कंपनी को यह भी बताना पड़ेगा कि शादी वाली जगह के डेकोरेशन, स्टेज, ज्वैलरी आदि पर कितना खर्च आया है।
कुछ कंपनियां इवेंट इंश्योरेंस पोर्टफोलियो के तहत शादी के समारोह का इंश्योरेंस करती हैं. अलग-अलग कंपनियों की पॉलिसी रूल अलग-अलग है. वेडिंग इंश्योरेंस की कवरेज संगीत, मेहंदी जैसी रस्म होने के 24 घंटे पहले शुरू हो जाती है. इसलिए शादी से एक दिन पहले भी यह पॉलिसी खरीद सकते हैं. वैसे शादी का फंक्शन शुरू होने के 15 दिन पहले ये पॉलिसी लेनी चाहिए.वेडिंग इंश्योरेंस पॉलिसी शादी ऑर्गनाइज करने वाले ऑर्गनाइजर यानी इंवेट कंपनी, दूल्हा, दुल्हन या उनके परिवार के सदस्य ले सकते हैं।

