ChardhamYatra2026 : केदारनाथ जा रहे हैं तो पहले पढ़ लें यह बड़ी खबर :- उत्तराखंड में मानसून की दस्तक के साथ ही पहाड़ी इलाकों में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश ने चिंता बढ़ा दी है। रुद्रप्रयाग जिला प्रशासन ने केदारनाथ धाम यात्रा मार्ग पर भारी वर्षा की चेतावनी को देखते हुए सुरक्षा और निगरानी व्यवस्था को बेहद कड़ा कर दिया है। यात्रियों की सुरक्षा को सर्वोपरि रखते हुए जिलाधिकारी विशाल मिश्रा ने पूरे यात्रा मार्ग पर प्रशासनिक और आपदा प्रबंधन टीमों को मुस्तैद रहने के निर्देश दिए हैं।
संवेदनशील क्षेत्रों पर पैनी नजर
जिलाधिकारी के आदेशानुसार, सोनप्रयाग से लेकर केदारनाथ धाम तक के पूरे पैदल और मोटर मार्ग के संवेदनशील व भूस्खलन संभावित (Landslide Prone Zones) क्षेत्रों में सेक्टर अधिकारियों की तैनाती की गई है। पुलिस, प्रशासन और आपदा प्रबंधन की टीमें चौबीसों घंटे संवेदनशील इलाकों का लगातार निरीक्षण कर रही हैं ताकि किसी भी आपात स्थिति से तुरंत निपटा जा सके।
कमान संभाल रहे हैं सुरक्षा बल
यात्रा मार्ग पर यात्रियों की सुरक्षा और त्वरित रेस्क्यू के लिए पुलिस के साथ-साथ देश और प्रदेश की अग्रणी आपदा राहत टीमें तैनात की गई हैं:
NDRF (राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल)
SDRF (राज्य आपदा प्रतिवादन बल)
DDRF (जिला आपदा प्रतिक्रिया बल)
इसके अलावा अन्य संबंधित विभागों के तकनीकी और नोडल अधिकारी भी ऑन-फील्ड तैनात हैं।
सतर्कता की अपील
प्रशासनिक टीमों द्वारा सोनप्रयाग, गौरीकुंड और अन्य प्रमुख पड़ावों पर लगातार एनाउंसमेंट कर यात्रियों, स्थानीय लोगों और दुकानदारों को मौसम के पल-पल बदलते मिजाज की जानकारी दी जा रही है। सभी से अपील की गई है कि वे मौसम खराब होने या भारी बारिश की स्थिति में सुरक्षित स्थानों पर ही रुकें और अनावश्यक यात्रा से बचें।
यात्रियों के लिए जरूरी सलाह: केदारनाथ आने वाले तीर्थयात्री अपने साथ पर्याप्त मात्रा में बरसाती, गर्म कपड़े और आवश्यक दवाइयां जरूर रखें। किसी भी आपात स्थिति या भूस्खलन की सूचना तुरंत नजदीकी आपदा नियंत्रण कक्ष या तैनात सुरक्षाकर्मियों को दें।

