AntiMosquitoApp : मच्छरों से निपटेगा आपका मोबाइल , रोचक जानकारी :- बारिश के मौसम में मच्छरों की बढ़ती तादाद हर किसी के लिए परेशानी बन जाती है. ऐसे में लोग कॉइल, लिक्विड और स्प्रे जैसे उपाय अपनाते हैं, लेकिन अब स्मार्टफोन से मच्छर भगाने का दावा भी इंटरनेट पर तेजी से वायरल हो रहा है. ‘Anti Mosquito App’ को लेकर सोशल मीडिया और यूट्यूब पर काफी चर्चा है. 10 मिलियन से ज्यादा सब्सक्राइबर्स वाले ‘Sab Kuchh Sekho Jano’ चैनल ने भी हाल में ऐसे ऐप का जिक्र किया है. हालांकि, इन ऐप्स के दावे को वैज्ञानिक रूप से पुख्ता मानने से पहले इसकी वास्तविक प्रभावशीलता को समझना जरूरी है।
हाई-फ्रीक्वेंसी साउंड से मच्छर भगाने का दावा
Anti Mosquito App में फोन के स्पीकर से एक खास तरह की हाई-फ्रीक्वेंसी आवाज निकालने का विकल्प दिया जाता है. कुछ ऐप 15 kHz से 21 kHz के बीच अलग-अलग फ्रीक्वेंसी चुनने की सुविधा देते हैं. दावा किया जाता है कि यह आवाज मच्छरों को परेशान करती है और उन्हें आसपास आने से रोकती है. फोन से कोई धुआं या केमिकल नहीं निकलता, इसलिए इस तकनीक का पूरा आधार साउंड पर ही बताया जाता है. हालांकि, केवल ऐप का यह दावा अपने आप में इसकी प्रभावशीलता का प्रमाण नहीं है।
फोन में कैसे इस्तेमाल करें Anti Mosquito App?
Android यूजर्स Google Play Store पर जाकर ‘Anti Mosquito’ सर्च कर सकते हैं. लेकिन किसी एक ऐप को सिर्फ इसलिए इंस्टॉल नहीं करना चाहिए क्योंकि वह सर्च में ऊपर दिखाई दे रहा है. ऐप का डेवलपर, रेटिंग, डाउनलोड की संख्या, हालिया रिव्यू और मांगी जाने वाली परमिशन जरूर जांचें. ऐप इंस्टॉल करने के बाद आमतौर पर स्क्रीन पर अलग-अलग फ्रीक्वेंसी विकल्प दिखाई देते हैं, जिन्हें चुनकर साउंड शुरू किया जा सकता है और Stop बटन से बंद किया जा सकता है।
क्या सच में मच्छर भागते हैं?
इस सवाल का जवाब इतना सीधा नहीं है. कुछ यूजर्स ऐसे ऐप्स को प्रभावी बताते हैं, जबकि कई लोगों को इनसे कोई खास फायदा महसूस नहीं होता. इसलिए इसे मच्छरों से बचाव का पक्का या प्रमाणित तरीका मानना सही नहीं होगा. अगर कोई व्यक्ति इसे आजमाता है तो उसे इसे केवल एक प्रयोग के तौर पर देखना चाहिए और मच्छरों से बचने के लिए मच्छरदानी, खिड़की-जाली और प्रमाणित रिपेलेंट जैसे भरोसेमंद उपायों को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए।
ऐप डाउनलोड करने से पहले रखें इन बातों का ध्यान
Anti Mosquito App डाउनलोड करने से पहले सुरक्षा और प्राइवेसी का ध्यान रखना बेहद जरूरी है. एक जैसे नाम वाले कई ऐप मौजूद हो सकते हैं, इसलिए डेवलपर की जानकारी और यूजर रिव्यू देखकर ही डाउनलोड करें. अगर कोई साधारण साउंड ऐप जरूरत से ज्यादा परमिशन मांगता है, तो उसे इंस्टॉल करने से बचना बेहतर है. सबसे जरूरी बात यह है कि इंटरनेट पर किए जा रहे दावों को बिना जांचे सच न मानें और किसी भी ऐप को मच्छर नियंत्रण का वैज्ञानिक रूप से सिद्ध विकल्प समझकर इस्तेमाल न करें।

