BollywoodMovies : पुराना बॉलीवुड सिर्फ़ फिल्म नहीं एक एहसास था! :- “पहले फिल्मों में कहानियाँ होती थीं… आज फिल्मों में सिर्फ़ कलेक्शन गिने जाते हैं।”“पहले गाने दिल में उतरते थे… आज सिर्फ़ कुछ दिनों तक ट्रेंड करते हैं।”
नमस्कार, मैं अंशिका… और आप देख रहे हैं ‘खोजी नारद’। आज हम बात करेंगे बॉलीवुड के उस दौर की… जिसे लोग सिर्फ़ देखते नहीं थे, महसूस करते थे। 90s और 2000s का बॉलीवुड… जहाँ फिल्मों में शोर कम और भावनाएँ ज्यादा होती थीं। उस समय फिल्मों का मतलब सिर्फ़ एंटरटेनमेंट नहीं था… बल्कि परिवार, प्यार, दोस्ती और रिश्तों की अहमियत भी होती थी।
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लोग सिनेमाघरों से सिर्फ़ फिल्म देखकर नहीं निकलते थे… बल्कि कई यादें अपने साथ लेकर जाते थे।पहले फिल्मों के गाने लोगों की जिंदगी का हिस्सा बन जाते थे। कुमार सानू, उदित नारायण, अलका याज्ञनिक और सोनू निगम की आवाज़ सुनते ही दिल को एक अलग सुकून मिलता था।
बारिश हो, शादी हो, सफर हो या किसी की याद… हर एहसास के लिए एक गाना हुआ करता था। लोग कैसेट और सीडी संभालकर रखते थे, और कई गाने तो ऐसे थे जिन्हें सुनकर आँखें नम हो जाती थीं। लेकिन आज गानों में बीट्स तो हैं… पर वो एहसास कहीं खो गया है।
गाने आते हैं, रील्स में ट्रेंड करते हैं… और कुछ दिनों बाद लोग उन्हें भूल जाते हैं।अगर कॉमेडी की बात करें… तो पहले बिना गाली, बिना डबल मीनिंग के भी लोग हँसते-हँसते लोटपोट हो जाते थे। ‘हेरा फेरी’, ‘अंदाज़ अपना अपना’, ‘धमाल’ और ‘गोलमाल’ जैसी फिल्मों की कॉमेडी आज भी लोगों के चेहरे पर मुस्कान ला देती है।
क्योंकि वहाँ सिर्फ़ जोक्स नहीं थे… वहाँ मासूमियत थी। आज कॉमेडी में शोर ज्यादा है, लेकिन वो दिल से निकलने वाली हँसी कम दिखाई देती है। और रोमांस… वो तो बॉलीवुड की जान हुआ करता था। पहले फिल्मों में प्यार धीरे-धीरे बढ़ता था। आँखों से बातें होती थीं, छोटे-छोटे पल दिल छू जाते थे। आज प्यार भी बहुत तेज़ और दिखावटी सा लगने लगा है।
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पहले हीरो अपनी एक्टिंग से लोगों के दिल जीतता था… आज कई लोग सिर्फ़ सोशल मीडिया फॉलोअर्स से स्टार बन जाते हैं। आज का बॉलीवुड तकनीक में बहुत आगे बढ़ गया है। बड़े VFX, बड़े बजट और शानदार कैमरा क्वालिटी देखने को मिलती है।
लेकिन कहीं ना कहीं वो सादगी, वो अपनापन और वो दिल से जुड़ने वाली कहानियाँ कम होती जा रही हैं। पहले फिल्में सिर्फ़ देखी नहीं जाती थीं… जी जाती थीं। समय बदल गया… लोग बदल गए… और बॉलीवुड भी बदल गया।”
“लेकिन 90s और 2000s की फिल्मों का जादू आज भी लोगों के दिलों में ज़िंदा है।”

