By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
khojinarad HIndi Newskhojinarad HIndi Newskhojinarad HIndi News
  • उत्तराखण्ड
    • देहरादून
    • रुड़की
    • चमोली
    • रुद्रप्रयाग
    • टिहरी गढ़वाल
    • पौड़ी गढ़वाल
    • उत्तरकाशी
    • अल्मोड़ा
    • उधम सिंह नगर
    • चम्पावत
    • नैनीताल
    • पिथौरागढ़
    • बागेश्वर
  • राज्य
    • उत्तर प्रदेश
    • दिल्ली
    • पंजाब
    • महाराष्ट्र
  • अंतराष्ट्रीय
  • तत्काल प्रभाव
  • खोजी नारद कहिंन
  • तत्काल प्रभाव
  • More
    • बकैती
    • भांडा फोड़
    • लफ्फाज़ी
    • वीडियो
Reading: कभी लीची थी देहरादून की मीठी पहचान !
Share
Notification Show More
Aa
khojinarad HIndi Newskhojinarad HIndi News
Aa
Search
  • उत्तराखण्ड
  • खोजी नारद कहिंन
  • तत्काल प्रभाव
  • इंटरव्यू
  • बकैती
  • भांडा फोड़
  • लफ्फाज़ी
  • वीडियो
Follow US
  • Advertise
© 2024 Khoji narad. All Rights Reserved.
khojinarad HIndi News > उत्तराखण्ड > देहरादून > कभी लीची थी देहरादून की मीठी पहचान !
उत्तराखण्ड

कभी लीची थी देहरादून की मीठी पहचान !

"मौसम ने बिगाड़ी लीची की मिठास!"

admin
Last updated: 2025/05/26 at 6:07 AM
admin
Share
4 Min Read
कभी लीची थी देहरादून की मीठी पहचान !
कभी लीची थी देहरादून की मीठी पहचान !
SHARE
Highlights
  • कभी लीची से महकता था दून, अब बचे हैं सिर्फ किस्से!
  • लीची बनी कहानी.
  • दून से गायब लीची.

कभी लीची थी देहरादून की मीठी पहचान ! : एक समय देहरादून अपने मौसम के साथ यहां के बासमती चावल और लीची के लिए जाना जाता था, लेकिन धीरे.धीरे दून की आबोहवा में आये बदलाव ने न केवल बासमती बल्कि लीची की रंगत को भी बेरंग कर दिया है। आंकड़े बताते हैं कि दून की लीची कैसे साल दर साल अपनी पहचान खोती चली गई जानकारी के अनुसार साल 1970 में करीब 6500 हेक्टेयर लीची के बाग देहरादून में मौजूद थे, जो धीरे.धीरे अब बहुत कम  भूमि पर ही रह गए है।

देहरादून में न केवल लीची का उत्पादन कम हुआ है, बल्कि लीची के स्वरूप और स्वाद में भी अंतर आ गया है। पहले के मुकाबले लीची छोटी हो गई है। वहीं, उसके रंग और मिठास भी पहले से फीका हो गया है। स्थानीय लोगों कि माने तो पहले दून की लीची के लेने के लिए अन्य प्रदेशों से भी लोग आते थे, लेकिन अब पहले वाली बात नहीं रही। देहरादून में खासतौर पर विकासनगर, नारायणपुर, बसंत विहार, रायपुर, कौलागढ़, राजपुर और डालनवाला क्षेत्रों में लीची के सबसे ज्यादा बाग थे, लेकिन उत्तराखंड बनने के बाद देहरादून के घोषित होते ही जमीनों के बढ़ते दामों के चलते दून के तमाम बागों पर कंक्रीट के जंगल उग आए।

दून में विकास कार्यों ने ऐसी रफ्तार पकड़ी की यहां की आबोहवा भी बदल गई। जिसका सीधा असर लीची के स्वाद पर और इसकी पैदावार पर दिखाई दे रहा है। यही कारण है कि कभी लीची के लिए पहचाने जाने वाले देहरादून में आज लीची ही खत्म होती जा रही है। फलों की रानी व जूसी फ्रूट लीची की इन दिनों गरमी की तपन बढ़ने के साथ महानगर में डिमांड बढ़ते जा रही है, लेकिन मार्केट में डिमांड के अनुसार लीची की आवक कुछ कम ही है।

एक वक़्त वो भी था जब देहरादून के गली मोहल्ले गर्मियों के मौसम में लीचियों की खुशबू से महक उठते थे. गहरे लाल रंग की लीचियां इस कदर मीठी होती थी कि चीनी भी फीकी लगे. ना केवल इंसान बल्कि भौंरे और कई पक्षी भी इसे चखने के लिए लालायित दिखते थे. बाजारों में आने से पहले ही लीची के बगीचों में ही लोग इसकी खरीदारी शुरू कर देते थे।

आज देहरादून में लीची की दुर्दशा की सबसे बड़ी वजह यहां पर कंक्रीट का जंगल तैयार होना है. विकास के नाम पर जिस तरह अंधाधुंध निर्माण किए गए, उसने लीची के कारोबार को करीब करीब पूरी तरह खत्म कर दिया. एक तरफ बेतरतीब निर्माण हुआ तो दूसरी तरफ लीची के बगीचों पर खूब आरियां चलाई गई. बड़ी बात यह है कि वन विभाग से लेकर उद्यान विभाग ने भी न जाने कैसे सैकड़ों और हजारों पेड़ों की बलि चढ़ाने की अनुमति दे दी. इसके अलावा एक तरफ जहां लीची के यह बगीचे पुराने होते चले गए तो दूसरी तरफ लीची के नए प्लांटेशन पर कोई ध्यान नहीं दिया गया.और अब देहरादून की वो शान और मीठी पहचान खत्म होती जा रही है।

You Might Also Like

schools : क्षतिग्रस्त प्राथमिक विद्यालयों की बदलेगी सूरत – डाॅ. धन सिंह रावत

NandaSunandaProject : 34 बेंटियों की बाधित शिक्षा डीएम ने फिर से की पुनर्जीवित

UttarakhandNews : कांग्रेस कर रही डेमोग्राफी से ध्यान भटकाने की कोशिश: भट्ट

DhaulasLandScam : धौलास भूमि प्रकरण, प्रशासन का बड़ा एक्शन, जांच शुरू

UttarakhandNews : हल्द्वानी मीडिया सेंटर में चिकित्सा शिविर आयोजित

TAGGED: #ClimateImpact, #DehradunFruits, #DehradunHeritage, #DehradunIdentity, #DehradunLitchi, #EndangeredFruit, #FarmersVoice, #FarmingNeglect, #FoodSecurity, #FruitDecline, #FruitDeclineIndia, #FruitDisappearance, #FruitEconomy, #FruitFarming, #FruitIdentity, #FruitIndustryCrisis, #FruitNews, #FruitProduction, #FruitStory, #FruitWoes, #HimalayanAgriculture, #HimalayanFruit, #Horticulture, #IndiaFruits, #LitchiCrisis, #LitchiFarmers, #LitchiHeritage, #LitchiHistory, #LitchiLoss, #LitchiLove, #LocalFruitNews, #LocalHeritage, #LostTaste, #NaturalSweetness, #NatureLoss, #OrganicFruits, #SaveDehradunLitchi, #SaveLitchi, #SweetFruit, #SweetLitchi, #SweetnessGone, #TropicalFruitCrisis, #Urbanization, #UttarakhandFruits, #ViralIndia, dehradun, dehradunnews, khoji narad, khoji narad breaking news, trendingnews, uttarakhand

Sign Up For Daily Newsletter

Be keep up! Get the latest breaking news delivered straight to your inbox.
[mc4wp_form]
By signing up, you agree to our Terms of Use and acknowledge the data practices in our Privacy Policy. You may unsubscribe at any time.
admin May 26, 2025 May 26, 2025
Share This Article
Facebook Twitter Copy Link Print
Share
Previous Article लालू के लाल की गर्लफ्रेंड से मचा बवाल लालू के लाल की गर्लफ्रेंड से मचा बवाल
Next Article उत्तराखंड में  इस दिन आएगा मानसून ! उत्तराखंड में  इस दिन आएगा मानसून !

Advt.

Advt.

https://khojinarad.com/wp-content/uploads/2025/10/Vertical-V1-MDDA-Housing-1.mp4

Advt.

https://khojinarad.com/wp-content/uploads/2025/10/MDDA-Final-Vertical-2-1.mp4

Latest News

PulwamaAttack
PulwamaAttack : एक धमाका… और पूरे देश की धड़कन थम गई — और खुशियों से भरा दिन बदल गया मातम में
राष्ट्रीय February 14, 2026
TollTaxRelief
TollTaxRelief : नागरिकों को टोल टैक्स के मामले में बड़ी राहत
राष्ट्रीय February 14, 2026
HotTeaCancer
HotTeaCancer : गर्म चाय से कैंसर का खतरा – रिसर्च
खोजी नारद ब्रेकिंग न्यूज़ February 14, 2026
RahulGandhi
RahulGandhi : राहुल गांधी को भारत की कोई चिंता नहीं – पीयूष गोयल
खोजी नारद कहिंन February 14, 2026
//

Khoji Narad is a Uttarakhand-based news website that delivers comprehensive coverage of national and international news. With a focus on accurate, timely, and in-depth reporting, Khoji Narad offers insights into politics, business, culture, and more, while also highlighting the unique stories from the heart of Uttarakhand.

Quick Link

  • इंटरव्यू
  • खोजी नारद कहिंन
  • बकैती
  • भांडा फोड़
  • लफ्फाज़ी
  • वीडियो

Top Categories

  • उत्तराखण्ड
  • अंतराष्ट्रीय
  • पंजाब
  • महाराष्ट्र

Contact

Smriti Sahgal (Editor)
Address: 207/4, Vijaypur, Gopiwala, Anarwala Dehradun-248001, Uttarakhand
Phone: 9837663626
Email: indiankhojinarad@gmail.com

 

khojinarad HIndi Newskhojinarad HIndi News
Follow US
© 2024 Khoji Narad. All Rights Reserved.
Welcome Back!

Sign in to your account

Register Lost your password?