By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
khojinarad HIndi Newskhojinarad HIndi Newskhojinarad HIndi News
  • उत्तराखण्ड
    • देहरादून
    • रुड़की
    • चमोली
    • रुद्रप्रयाग
    • टिहरी गढ़वाल
    • पौड़ी गढ़वाल
    • उत्तरकाशी
    • अल्मोड़ा
    • उधम सिंह नगर
    • चम्पावत
    • नैनीताल
    • पिथौरागढ़
    • बागेश्वर
  • राज्य
    • उत्तर प्रदेश
    • दिल्ली
    • पंजाब
    • महाराष्ट्र
  • अंतराष्ट्रीय
  • तत्काल प्रभाव
  • खोजी नारद कहिंन
  • तत्काल प्रभाव
  • More
    • बकैती
    • भांडा फोड़
    • लफ्फाज़ी
    • वीडियो
Reading: MahadevShivlingStory : भारत के 6 सबसे बड़े शिवलिंगों की कहानी
Share
Notification Show More
Aa
khojinarad HIndi Newskhojinarad HIndi News
Aa
Search
  • उत्तराखण्ड
  • खोजी नारद कहिंन
  • तत्काल प्रभाव
  • इंटरव्यू
  • बकैती
  • भांडा फोड़
  • लफ्फाज़ी
  • वीडियो
Follow US
  • Advertise
© 2024 Khoji narad. All Rights Reserved.
khojinarad HIndi News > Uncategorized > MahadevShivlingStory : भारत के 6 सबसे बड़े शिवलिंगों की कहानी
Uncategorized

MahadevShivlingStory : भारत के 6 सबसे बड़े शिवलिंगों की कहानी

चेंकल महेश्वरम शिवलिंग, तिरुवनंतपुरम (केरल)

admin
Last updated: 2026/03/10 at 11:48 AM
admin
Share
6 Min Read
MahadevShivlingStory
MahadevShivlingStory : भारत के 6 सबसे बड़े शिवलिंगों की कहानी
SHARE
Highlights
  • भूतेश्वर नाथ शिवलिंग, गरियाबंद (छत्तीसगढ़)
  • हरिहर धाम शिवलिंग की कहानी और स्थापना.
  • हरिहर धाम शिवलिंग.

MahadevShivlingStory : भारत के 6 सबसे बड़े शिवलिंगों की कहानी :-  देशभर में भगवान शिव की आस्था एक बार फिर चर्चा के केंद्र में है। असम से लेकर केरल, कर्नाटक, मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ और झारखंड तक फैले भारत के सबसे विशाल शिवलिंग अपने अद्भुत आकार, पौराणिक मान्यताओं और ऐतिहासिक विरासत की वजह से हमेशा सुर्खियों में हैं। कहीं 126 फीट ऊंचा महामृत्युंजय शिवलिंग श्रद्धालुओं को आकर्षित कर रहा है, तो कहीं प्राकृतिक रूप से बढ़ता भूतेश्वरनाथ शिवलिंग आस्था और विज्ञान के बीच बहस का विषय बना हुआ है। इसी कड़ी में झारखंड का हरिहर धाम शिवलिंग लोगों को आकर्षित कर रहा है।

Contents
महामृत्युंजय शिवलिंग, नागांव (असम) – 126 फीटमहामृत्युंजय शिवलिंग, नागांव (असम)चेंकल महेश्वरम शिवलिंग, तिरुवनंतपुरम (केरल)भूतेश्वर नाथ शिवलिंग, गरियाबंद (छत्तीसगढ़)हरिहर धाम शिवलिंग की कहानी और स्थापनाहरिहर धाम शिवलिंगभोजपुर शिवलिंग

बड़ी ख़बर एक क्लिक में :- सरसों का तेल और लहसुन के फायदे
इन विशाल शिवलिंगों से जुड़ी कहानियां केवल धार्मिक आस्था तक सीमित नहीं हैं, बल्कि इनके पीछे प्राचीन राजाओं की महत्वाकांक्षा, शिल्पकला की उत्कृष्टता, मान्यताएं और आधुनिक इंजीनियरिंग की झलक भी देखने को मिलती है। 11वीं शताब्दी में राजा भोज के जरिए निर्मित भोजपुर का ऐतिहासिक शिवलिंग हो या कर्नाटक का कोटिलिंगेश्वर, जहां एक लाख से ज्यादा शिवलिंग स्थापित हैं। हर स्थल भगवान शिव के विराट स्वरूप और भारत की सांस्कृतिक विविधता को दर्शाता है।

महामृत्युंजय शिवलिंग, नागांव (असम) – 126 फीट

यह भारत का सबसे ऊंचा शिवलिंग माना जाता है। असम के नागांव जिले में स्थित यह शिवलिंग महामृत्युंजय मंदिर परिसर में स्थापित है।

कहानी और विशेषता: यह शिवलिंग किसी प्राचीन काल का नहीं, बल्कि आधुनिक काल में श्रद्धालुओं और साधु-संतों के संकल्प से निर्मित हुआ है। माना जाता है कि यहां महामृत्युंजय मंत्र का जाप करने से दीर्घायु, रोग मुक्ति और अकाल मृत्यु से रक्षा होती है। दूर-दूर से लोग यहां विशेष पूजा और अनुष्ठान के लिए आते हैं।

महामृत्युंजय शिवलिंग, नागांव (असम)

चेंकल महेश्वरम शिवलिंग, तिरुवनंतपुरम (केरल) – 112 फीट
केरल के चेंकल गांव में स्थित यह शिवलिंग दक्षिण भारत का सबसे ऊंचा शिवलिंग है।

बड़ी ख़बर एक क्लिक में :- चॉकलेट खाने के बेमिसाल फायदे

कहानी और मान्यता: स्थानीय मान्यता के अनुसार, इस क्षेत्र में वर्षों तक शिव भक्ति की परंपरा रही और उसी भक्ति का प्रतिफल यह विशाल शिवलिंग है। यह शिवलिंग इस तरह निर्मित है कि इसकी ऊंचाई और संरचना मानव चेतना के आध्यात्मिक उत्थान का प्रतीक मानी जाती है। यहां शिव को करुणा और ध्यान के स्वरूप में पूजा जाता है।

चेंकल महेश्वरम शिवलिंग, तिरुवनंतपुरम (केरल)

कौटिलिंगेश्वर शिवलिंग, कोलार (कर्नाटक) – 108 फीट
कर्नाटक के कोलार जिले में स्थित यह शिवलिंग संख्या और आकार दोनों में अद्भुत है।

कहानी और विशेषता: यहां एक विशाल 108 फीट ऊंचा शिवलिंग है और इसके चारों ओर एक लाखों से ज्यादा छोटे शिवलिंग स्थापित हैं। मान्यता है कि यहां शिवलिंग स्थापित करने से मनोकामनाएं पूरी होती हैं और यह स्थल विशेष रूप से श्रावण मास में भक्तों से भर जाता है।

कोटिलिंगेश्वर शिवलिंग, कोलार (कर्नाटक)
भूतेश्वर नाथ शिवलिंग, गरियाबंद (छत्तीसगढ़) – प्राकृतिक रूप से बढ़ता शिवलिंग
यह शिवलिंग आकार में हर साल बढ़ता हुआ माना जाता है।

कहानी और चमत्कार: स्थानीय श्रद्धालुओं का विश्वास है कि यह शिवलिंग स्वयंभू है और हर साल इसकी ऊंचाई कुछ मिलीमीटर बढ़ जाती है। वैज्ञानिक इसकी पुष्टि नहीं कर पाए हैं लेकिन वर्षों पुराने माप बताते हैं कि इसका आकार वास्तव में बदलता रहा है। यही वजह है कि इसे जीवित शिवलिंग भी कहा जाता है।

भूतेश्वर नाथ शिवलिंग, गरियाबंद (छत्तीसगढ़)

झारखंड, हरिहर धाम शिवलिंग : झारखंड के हरिहर धाम में स्थापित विशाल शिवलिंग की कहानी आस्था, संकल्प और आधुनिक निर्माण कौशल का अनूठा उदाहरण मानी जाती है। यह शिवलिंग आज देश के प्रमुख विशाल शिवलिंगों में गिना जाता है और श्रद्धालुओं के लिए गहरी धार्मिक आस्था का केंद्र है।

हरिहर धाम शिवलिंग की कहानी और स्थापना

हरिहर धाम झारखंड के गिरिडीह जिले में स्थित है। यहां स्थापित शिवलिंग लगभग 65 फीट ऊंचा है और इसे भारत के सबसे ऊंचे शिवलिंगों में से एक माना जाता है। इस शिवलिंग के निर्माण की शुरुआत वर्ष 1994 में हुई थी। इसकी कल्पना और स्थापना का श्रेय स्वामी अखंडानंद जी महाराज को दिया जाता है। कहा जाता है कि उन्होंने भगवान शिव की कृपा और जनकल्याण की भावना से इस विशाल शिवलिंग के निर्माण का संकल्प लिया था।

हरिहर धाम शिवलिंग

भोजपुर शिवलिंग, रायसेन (मध्यप्रदेश) – 18 फीट
भले ही ऊंचाई में यह अन्य शिवलिंगों से छोटा हो लेकिन इतिहास और वजन के लिहाज से यह अद्वितीय है।

भोजपुर शिवलिंग

कहानी और ऐतिहासिक महत्व: 11वीं शताब्दी में परमार राजा भोज के जरिए निर्मित यह शिवलिंग एक ही पत्थर से बना है और इसका वजन लगभग 40 टन बताया जाता है। मान्यता है कि राजा भोज इसे विश्व का सबसे भव्य शिव मंदिर बनाना चाहते थे लेकिन किसी कारणवश निर्माण अधूरा रह गया। आज भी यह शिवलिंग स्थापत्य कला का चमत्कार माना जाता है।

You Might Also Like

USSLiberty : USS Liberty मिस्ट्री

MahilaCongressProtest : भाजपा ने चूल्हा बुझाने का किया है कामःज्योति रौतेला

HaridwarNews : हरिद्वार में न्याय संहिता प्रदर्शनी का भव्य समापन

BageshwarTeaHeritage : कौसानी की चाय को नई पहचान दे रही डीएम आकांक्षा कोंडे

AIIMSMBBSAdmission : AIIMS दिल्ली में कैसे मिलता है MBBS में दाखिला

TAGGED: #khojinaradbreakingnews, AncientShivaTemples, BoreshwarShivlingHistory, DevotionalShortsHindi, HarHarDhamShivling, HarHarMahadevBhakti, HinduDevotionIndia, khojinarad, MahadevShivlingStory, NaturalGrowingShivling, ReligiousVlogIndia, ShivaBhaktiReels, ShivlingArchitectureIndia, ShivlingMiracleFacts, ShivTempleTourism, SpiritualTravelIndia, WorldTallestShivling

Sign Up For Daily Newsletter

Be keep up! Get the latest breaking news delivered straight to your inbox.
[mc4wp_form]
By signing up, you agree to our Terms of Use and acknowledge the data practices in our Privacy Policy. You may unsubscribe at any time.
admin March 10, 2026 March 10, 2026
Share This Article
Facebook Twitter Copy Link Print
Share
Previous Article TOURISMBOOST TOURISMBOOST : पर्यटन विकास की दिशा में महत्वपूर्ण बजट: महाराज
Next Article UttarakhandBudget2026 UttarakhandBudget2026-27 : 1.11 लाख करोड़ का बजट, विकास का रोडमैप या उम्मीदों से कम?

Advt.

Advt.

https://khojinarad.com/wp-content/uploads/2025/10/Vertical-V1-MDDA-Housing-1.mp4

Advt.

https://khojinarad.com/wp-content/uploads/2025/10/MDDA-Final-Vertical-2-1.mp4

Latest News

USSLiberty
USSLiberty : USS Liberty मिस्ट्री
राष्ट्रीय March 12, 2026
MahilaCongressProtest
MahilaCongressProtest : भाजपा ने चूल्हा बुझाने का किया है कामःज्योति रौतेला
देहरादून March 12, 2026
HaridwarNews
HaridwarNews : हरिद्वार में न्याय संहिता प्रदर्शनी का भव्य समापन
उत्तराखण्ड March 12, 2026
BageshwarTeaHeritage
BageshwarTeaHeritage : कौसानी की चाय को नई पहचान दे रही डीएम आकांक्षा कोंडे
उत्तराखण्ड March 12, 2026
//

Khoji Narad is a Uttarakhand-based news website that delivers comprehensive coverage of national and international news. With a focus on accurate, timely, and in-depth reporting, Khoji Narad offers insights into politics, business, culture, and more, while also highlighting the unique stories from the heart of Uttarakhand.

Quick Link

  • इंटरव्यू
  • खोजी नारद कहिंन
  • बकैती
  • भांडा फोड़
  • लफ्फाज़ी
  • वीडियो

Top Categories

  • उत्तराखण्ड
  • अंतराष्ट्रीय
  • पंजाब
  • महाराष्ट्र

Contact

Smriti Sahgal (Editor)
Address: 207/4, Vijaypur, Gopiwala, Anarwala Dehradun-248001, Uttarakhand
Phone: 9837663626
Email: indiankhojinarad@gmail.com

 

khojinarad HIndi Newskhojinarad HIndi News
Follow US
© 2024 Khoji Narad. All Rights Reserved.
Welcome Back!

Sign in to your account

Register Lost your password?